Naya Kapda Pahnane Ki Dua in Hindi: नए कपड़े पहनने की दुआ और सुन्नतें

Naya Kapda Pahnane Ki Dua: नया कपड़ा पहनते वक़्त नबी ﷺ ये दुआ पढ़ते थे: “अल्लाहुम्मा लकल हम्दु अन्ता कसौतनीह, अस्अलुका मिन ख़ैरिही व ख़ैरि मा सुनिआ लह, व अऊज़ु बिका मिन शर्रिही व शर्रि मा सुनिआ लह”। (अबू दाऊद: 4020, तिर्मिज़ी: 1767)

इस पोस्ट में नया कपड़ा पहनने की दुआ, कोई भी कपड़ा पहनने की दुआ, किसी को नए कपड़े में देखकर दी जाने वाली दुआ और कपड़े पहनने-उतारने की सुन्नतें अरबी, हिंदी और तर्जुमे के साथ दी गई हैं।

Advertisement

कपड़ों की दुआएँ एक नज़र में

मौक़ादुआहवाला
नया कपड़ा पहनते वक़्तअल्लाहुम्मा लकल हम्दु अन्ता कसौतनीह…अबू दाऊद: 4020
कोई भी कपड़ा पहनते वक़्तअल्हम्दु लिल्लाहिल्लज़ी कसानी हाज़ा…अबू दाऊद: 4023
किसी को नए कपड़े में देखकरइल्बस जदीदा व इश हमीदा…इब्न माजा: 3558
कपड़े उतारते वक़्तबिस्मिल्लाहतिर्मिज़ी: 606

Naya Kapda Pahnane Ki Dua in Arabic

اَللّٰهُمَّ لَكَ الْحَمْدُ أَنْتَ كَسَوْتَنِيْهِ، أَسْأَلُكَ مِنْ خَيْرِهٖ وَخَيْرِ مَا صُنِعَ لَهٗ، وَأَعُوْذُ بِكَ مِنْ شَرِّهٖ وَشَرِّ مَا صُنِعَ لَهٗ

Naya Kapda Pahnane Ki Dua In Hindi
Naya Kapda Pahnane Ki Dua

Naya Kapda Pahnane Ki Dua in Hindi

अल्लाहुम्मा लकल हम्दु अन्ता कसौतनीह, अस्अलुका मिन ख़ैरिही व ख़ैरि मा सुनिआ लह, व अऊज़ु बिका मिन शर्रिही व शर्रि मा सुनिआ लह

Naya Kapda Pahnane Ki Dua in English

Allahumma lakal hamdu anta kasautanihi, as’aluka min khairihi wa khairi ma suni’a lahu, wa a’oozu bika min sharrihi wa sharri ma suni’a lahu

तर्जुमा

ऐ अल्लाह! तेरे ही लिए तारीफ़ है, तूने ही मुझे ये पहनाया। मैं तुझसे इसकी भलाई और जिस मक़सद के लिए ये बनाया गया उसकी भलाई माँगता हूँ, और इसकी बुराई और जिसके लिए ये बनाया गया उसकी बुराई से तेरी पनाह माँगता हूँ।

कोई भी कपड़ा पहनने की दुआ

اَلْحَمْدُ لِلّٰهِ الَّذِيْ كَسَانِيْ هٰذَا الثَّوْبَ وَرَزَقَنِيْهِ مِنْ غَيْرِ حَوْلٍ مِّنِّيْ وَلَا قُوَّةٍ

हिंदी: अल्हम्दु लिल्लाहिल्लज़ी कसानी हाज़स सौबा व रज़क़नीहि मिन ग़ैरि हौलिम मिन्नी व ला क़ुव्वह
तर्जुमा: सब तारीफ़ अल्लाह के लिए है जिसने मुझे ये कपड़ा पहनाया और मेरी किसी ताक़त और क़ुव्वत के बिना मुझे ये दिया। हदीस में है कि इसे पढ़ने वाले के गुनाह माफ़ कर दिए जाते हैं। (अबू दाऊद: 4023)

किसी को नए कपड़े में देखकर क्या कहें?

नबी ﷺ ने हज़रत उमर (रज़ि.) को नए कपड़े में देखा तो ये दुआ दी: (इब्न माजा: 3558)

اِلْبَسْ جَدِيْدًا، وَعِشْ حَمِيْدًا، وَمُتْ شَهِيْدًا

हिंदी: इल्बस जदीदा, व इश हमीदा, व मुत शहीदा
तर्जुमा: नया पहनो, तारीफ़ के साथ ज़िंदगी गुज़ारो, और शहादत की मौत पाओ।

कपड़े पहनने और उतारने की सुन्नतें

  • कपड़ा पहनते वक़्त दाईं तरफ़ से शुरू करें (पहले दायाँ हाथ/पैर), और उतारते वक़्त बाईं तरफ़ से। (अबू दाऊद: 4141)
  • कपड़े उतारते वक़्त “बिस्मिल्लाह” कहें, ये जिन्नात की नज़र और इंसान के सत्र के बीच पर्दा है। (तिर्मिज़ी: 606)
  • नया कपड़ा मिलने पर अल्लाह का शुक्र अदा करें, और दिखावे या घमंड से बचें।
  • मर्दों के लिए रेशम और टख़नों से नीचे कपड़ा लटकाना मना है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

नया कपड़ा पहनने की दुआ कौन सी है?

“अल्लाहुम्मा लकल हम्दु अन्ता कसौतनीह…” (अबू दाऊद: 4020, तिर्मिज़ी: 1767)।

क्या रोज़ कपड़े पहनते वक़्त भी दुआ है?

हाँ, “अल्हम्दु लिल्लाहिल्लज़ी कसानी हाज़स सौबा…” हर बार पढ़ सकते हैं (अबू दाऊद: 4023)।

किसी को नए कपड़े में देखकर क्या दुआ दें?

“इल्बस जदीदा, व इश हमीदा, व मुत शहीदा” (इब्न माजा: 3558)।

कपड़े उतारने की दुआ क्या है?

“बिस्मिल्लाह” कहें (तिर्मिज़ी: 606)।

कपड़ा किस तरफ़ से पहनना सुन्नत है?

दाईं तरफ़ से पहनें और बाईं तरफ़ से उतारें (अबू दाऊद: 4141)।

क्या ईद के नए कपड़ों पर भी यही दुआ है?

हाँ, कोई भी नया कपड़ा हो, यही दुआ पढ़ें।

आख़िरी बात

कपड़ा अल्लाह की नेमत है जो हमारा पर्दा भी है और ज़ीनत भी। नया कपड़ा पहनते वक़्त ये छोटी सी दुआ पढ़कर शुक्र अदा करें, और दूसरों को नए कपड़ों में देखें तो उन्हें भी दुआ दें।

ये भी पढ़ें: आईना देखने की दुआ | घर से निकलने की दुआ | अल्हम्दुलिल्लाह का मतलब

Comments are closed.